
गुलफाम सैफी, संदेश धारा-
जनपद हापुड़ में अवैध प्लॉटिंग का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। एचपीडीए (हापुड़-पिलखुवा विकास प्राधिकरण) से बिना मानचित्र स्वीकृति के धड़ल्ले से कालोनियां काटी जा रही हैं। नियमों को ताक पर रखकर इन अवैध कालोनियों में बिना विद्युत विभाग की अनुमति के बिजली के खंभे खड़े कर दिए जाते हैं और कच्ची-पक्की सड़कें बनाकर भोले-भाले लोगों को गुमराह किया जा रहा है।
सूत्रों के अनुसार बिना धारा 143 दर्ज कराए ही कालोनियों की प्लॉटिंग की जा रही है, जबकि रेट ऐसे वसूले जा रहे हैं जैसे पूरी तरह मानचित्र स्वीकृत कॉलोनी हो। 15 से 18 हजार रुपये प्रति गज तक के दामों पर जमीन बेचकर आम जनता को खुलेआम लूटा जा रहा है।
हापुड़ से लेकर गढ़ मुक्तेश्वर तक डीलरों का एक पूरा जाल फैला हुआ है। एचपीडीए द्वारा कई बार इन अवैध निर्माणों पर “पीला पंजा” भी चलाया गया और चेतावनी दी गई कि बिना मानचित्र पास कॉलोनी काटने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी, लेकिन इसके बावजूद कॉलोनाइज़र बाज नहीं आ रहे हैं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय रहते एचपीडीए ने सख्त संज्ञान लेकर ठोस कार्रवाई नहीं की, तो भविष्य में सैकड़ों परिवार ठगी का शिकार हो सकते हैं।

