
फर्जी वीजा और विदेश नौकरी के नाम पर ठगी का भंडाफोड़, 3 गिरफ्तार
साहिल मंसूरी, संदेश धारा
नई दिल्ली, 10 अप्रैल 2026: दक्षिण जिला साइबर पुलिस ने एक संगठित अंतरराज्यीय साइबर ठगी गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए फर्जी वीजा और विदेश में नौकरी दिलाने के नाम पर लोगों को ठगने वाले रैकेट का पर्दाफाश किया है। इस मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, जबकि मास्टरमाइंड की तलाश जारी है।
शिकायत से शुरू हुई जांच
यह कार्रवाई NCRP पोर्टल पर मिली एक शिकायत के आधार पर शुरू हुई, जिसमें पीड़ित को व्हाट्सएप के जरिए विदेश नौकरी और वीजा दिलाने का झांसा देकर पैसे ठगे गए थे। रकम मिलने के बाद आरोपी संपर्क से गायब हो गए।
तकनीकी जांच के दौरान संदिग्ध मोबाइल नंबर की लोकेशन रानी बाग, दिल्ली में पाई गई। इसके बाद पुलिस ने छापेमारी कर आरोपियों को दबोच लिया। इस संबंध में FIR नंबर 16/26 (दिनांक 26.03.2026) साइबर थाना, दक्षिण जिला में दर्ज की गई है।
कौन-कौन गिरफ्तार
गिरफ्तार आरोपियों में शामिल हैं:
नंद किशोर प्रसाद (पश्चिम बंगाल)
अहमद हयात खान (बिहार)
मुस्ताक खान (शाहीन बाग, दिल्ली)
पूछताछ में खुलासा हुआ कि शादाब उर्फ मोहम्मद खुशनूद इस गिरोह का मास्टरमाइंड है, जो ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के जरिए शिकार ढूंढता था।
क्या-क्या बरामद हुआ
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से कई अहम सबूत बरामद किए हैं:
6 स्मार्टफोन और सिम कार्ड
2 लैपटॉप और 4 डेस्कटॉप कंप्यूटर
14 पासपोर्ट
फर्जी वीजा और दस्तावेजों से भरी पेन ड्राइव
3 नकली मुहर और स्टांप
डिजिटल चैट और अन्य डेटा
सभी इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस को फॉरेंसिक जांच के लिए भेजा गया है।
ऐसे करते थे ठगी
जांच में सामने आया कि गिरोह बेहद सुनियोजित तरीके से काम करता था:
सोशल मीडिया और व्हाट्सएप के जरिए लोगों से संपर्क
विदेश में नौकरी का झांसा
फर्जी वेबसाइट और नकली वीजा दिखाकर भरोसा जीतना
प्रति व्यक्ति ₹15,000 से ₹90,000 तक की वसूली
पैसे मिलने के बाद संपर्क खत्म
आगे की जांच जारी
पुलिस अब इस गिरोह के वित्तीय लेनदेन और डिजिटल नेटवर्क की गहन जांच कर रही है। देशभर में अन्य पीड़ितों की पहचान भी की जा रही है और फरार आरोपियों की तलाश जारी है।
पुलिस की अपील
डीसीपी साउथ अनंत मित्तल ने लोगों से अपील की है कि किसी भी विदेश नौकरी या वीजा के नाम पर पैसे देने से पहले पूरी जांच-पड़ताल करें और संदिग्ध गतिविधियों की तुरंत सूचना पुलिस को दें।
- यह कार्रवाई दिल्ली पुलिस की सतर्कता और साइबर अपराध के खिलाफ सख्त रुख को दर्शाती है।

