
होर्मुज़ संकट का असर: भारत और पाकिस्तान में ईंधन की कीमतें बढ़ीं
विशेष संवाददाता, संदेश धारा-
नई दिल्ली। होर्मुज़ जलडमरूमध्य में बढ़ते तनाव का असर अब दक्षिण एशिया के देशों पर भी दिखाई देने लगा है। वैश्विक बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में तेजी के बीच भारत और पाकिस्तान दोनों ने ईंधन की कीमतों में बढ़ोतरी की है।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार पाकिस्तान सरकार ने पेट्रोल और डीजल की कीमतों में करीब 20 प्रतिशत की बढ़ोतरी कर दी है। साथ ही अब ईंधन की कीमतों की साप्ताहिक समीक्षा करने का फैसला लिया गया है, ताकि अंतरराष्ट्रीय बाजार में उतार-चढ़ाव के अनुसार दरें तय की जा सकें। बताया जा रहा है कि पाकिस्तान के पास फिलहाल लगभग 26 दिनों का ईंधन भंडार है और वह आपूर्ति बनाए रखने के लिए सऊदी अरब से रेड सी मार्ग के जरिए कच्चा तेल लेने की कोशिश कर रहा है।
वहीं भारत में भी सरकार ने अप्रैल 2025 के बाद पहली बार घरेलू LPG सिलेंडर की कीमतों में बढ़ोतरी की है। सरकार ने गैस की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए Essential Commodities Act के प्रावधानों का उपयोग करते हुए उत्पादन बढ़ाने के निर्देश दिए हैं।
सरकारी सूत्रों के मुताबिक भारत ने तेल आपूर्ति के स्रोतों को पहले ही विविध बनाया हुआ है और फिलहाल देश के पास करीब 74 दिनों का ईंधन भंडार उपलब्ध है। विशेषज्ञों का कहना है कि अगर होर्मुज़ क्षेत्र में तनाव लंबा चलता है तो वैश्विक ऊर्जा बाजार पर इसका और बड़ा असर पड़ सकता है।

