
साहिल मंसूरी, संदेश धारा-
नई दिल्ली।
मेजर ध्यानचंद स्टेडियम में आयोजित ‘दिल्ली शब्दोत्सव’ के उद्घाटन सत्र में आज मुख्यमंत्री श्रीमती रेखा गुप्ता ने सहभागिता कर कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ किया। इस अवसर पर उन्होंने बच्चों की मनमोहक एवं रचनात्मक प्रस्तुतियों का अवलोकन किया और उनकी प्रतिभा की सराहना की।
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि ‘दिल्ली शब्दोत्सव’ भारत की सनातन चेतना का उत्सव है, जो वैदिक काल से लेकर डिजिटल युग तक विचार, संस्कृति और साहित्य के माध्यम से अतीत, वर्तमान और भविष्य को जोड़ने वाला एक सशक्त मंच प्रदान करता है। यह आयोजन न केवल साहित्य और संस्कृति को बढ़ावा देता है, बल्कि नई पीढ़ी को अपनी जड़ों से जोड़ने का भी कार्य करता है।
उन्होंने दिल्लीवासियों से आग्रह किया कि 2 से 4 जनवरी तक दिल्ली सरकार एवं सुरुचि प्रकाशन द्वारा आयोजित इस शब्दोत्सव में अधिक से अधिक संख्या में सहभागी बनें और देश के प्रतिष्ठित विचारकों, लेखकों, वक्ताओं, सांस्कृतिक प्रस्तुतियों तथा कवि सम्मेलनों का आनंद लें।
उद्घाटन सत्र में माननीय केंद्रीय कॉर्पोरेट मामलों एवं सड़क परिवहन राज्य मंत्री श्री हर्ष मल्होत्रा, अखिल भारतीय प्रचार प्रमुख श्री सुनील आंबेकर, दिल्ली सरकार के कैबिनेट मंत्री श्री कपिल मिश्रा, सुरुचि प्रकाशन के अध्यक्ष श्री राजीव तुली सहित अनेक गणमान्य अतिथि उपस्थित रहे। सभी अतिथियों ने ‘दिल्ली शब्दोत्सव’ को सांस्कृतिक चेतना और बौद्धिक संवाद का महत्वपूर्ण मंच बताया।
‘दिल्ली शब्दोत्सव’ आगामी दिनों में साहित्य, संस्कृति और विचारों के विविध आयामों को समर्पित कार्यक्रमों के माध्यम से राजधानी को एक जीवंत सांस्कृतिक उत्सव का अनुभव

